हिसार। हरियाणा रोडवेज हिसार डिपो में कर्मचारियों के लंबित वित्तीय भत्तों की मांग को लेकर चल रहा धरना सोमवार को 46वें दिन भी जारी रहा। धरने की अध्यक्षता संदीप जैनावास ने की, जबकि मंच संचालन कर्मवीर मसूदपुर ने किया। कर्मचारियों ने प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए जल्द मांगें पूरी करने की मांग उठाई।
धरने को संबोधित करते हुए कर्मचारी नेताओं ने महाप्रबंधक की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए। उनका आरोप है कि कर्मचारी विरोधी नीतियों और मनमाने रवैये के चलते कर्मचारियों के वैध वित्तीय भत्तों का भुगतान लंबे समय से लंबित है, जिससे कर्मचारियों में भारी नाराजगी है।
8 जुलाई तक का दिया अल्टीमेटम
कर्मचारी नेताओं ने बताया कि सांझा संघर्ष समिति और राज्य स्तर की सभी यूनियनों के पदाधिकारियों की मध्यस्थता में महाप्रबंधक को 8 जुलाई तक सभी लंबित मांगें पूरी करने का समय दिया गया है।
उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि तय समय सीमा तक कर्मचारियों के लंबित वित्तीय भत्तों का भुगतान नहीं किया गया, तो 9 जुलाई को सांझा संघर्ष समिति हिसार की आपात बैठक बुलाकर आरपार के आंदोलन की घोषणा की जाएगी।
“अब पीछे हटने वाले नहीं”
धरने पर मौजूद नेताओं ने कहा कि इस बार कर्मचारी अपने अधिकारों के लिए पूरी मजबूती से संघर्ष करेंगे और किसी भी प्रकार के दबाव में पीछे नहीं हटेंगे। उनका कहना है कि हरियाणा रोडवेज का कर्मचारी अब अपने अधिकारों के प्रति पूरी तरह जागरूक है और न्याय मिलने तक आंदोलन जारी रहेगा।
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बड़ी संख्या में कर्मचारी रहे मौजूद
धरने में अजय दुहन, जोगेंद्र पंघाल, अनूप श्योकंद, राजबीर दुहन, पवन कनोह, नरेंद्र खरड़, अरुण शर्मा, जितेंद्र शर्मा, अमित जुगलान, बजरंग लाखा, सत्यवान सिवाच, वीरेंद्र किरतान, राजेश घंघाला, सुल्तान वर्मा, माधव उकलाना, राजेश कुमार, नरेश सोनी सहित सैकड़ों कर्मचारी मौजूद रहे।
