Wednesday, July 29, 2026

इंजेक्शन लगने के बाद डेढ़ साल के मासूम की मौत, क्लीनिक संचालक पर केस दर्ज

कुरुक्षेत्र। हरियाणा के कुरुक्षेत्र शहर में एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां फोड़े के इलाज के लिए क्लीनिक ले जाए गए डेढ़ साल के मासूम बच्चे की इंजेक्शन लगने के बाद मौत हो गई। परिजनों ने क्लीनिक संचालक पर गलत इंजेक्शन लगाने का आरोप लगाया है। पुलिस ने मामले में केस दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।

फोड़े के इलाज के लिए क्लीनिक ले गए थे दादा

मृतक बच्चे की पहचान दैविक के रूप में हुई है, जो अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था। दैविक के पिता गुरदीप सिंह रेलवे रोड पर इलेक्ट्रीशियन का कार्य करते हैं।

परिजनों के अनुसार, 15 जून की शाम करीब 7:15 बजे दैविक के दादा कर्मचंद उसे घुटने में हुए फोड़े का इलाज कराने सैनी कॉलोनी स्थित एक क्लीनिक में लेकर गए थे। वहां मौजूद क्लीनिक संचालक ने फोड़े में चीरा लगाने और उससे पहले इंजेक्शन लगाने की बात कही।

इंजेक्शन के बाद बिगड़ी तबीयत

परिजनों का आरोप है कि इंजेक्शन लगाने के कुछ ही देर बाद बच्चे की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। स्थिति गंभीर होते देख क्लीनिक संचालक ने एक और इंजेक्शन लगाया, जिसके बाद बच्चा बेहोश हो गया।

बताया जा रहा है कि इसके बाद क्लीनिक संचालक बच्चे और उसके दादा को स्कूटी पर बैठाकर 50 फुटा रोड स्थित एक निजी अस्पताल लेकर गया और अस्पताल के बाहर छोड़कर मौके से फरार हो गया।

तीन अस्पतालों में चला इलाज, PGI में तोड़ा दम

निजी अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद बच्चे को दूसरे अस्पताल रेफर किया गया। दो दिनों तक अलग-अलग अस्पतालों में उसका उपचार चलता रहा, लेकिन हालत में कोई सुधार नहीं हुआ।

बाद में 17 जून को दैविक को PGI चंडीगढ़ रेफर किया गया, जहां उपचार के दौरान डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

परिजनों ने लगाया गलत इंजेक्शन लगाने का आरोप

परिवार का आरोप है कि क्लीनिक संचालक द्वारा लगाए गए गलत इंजेक्शन के कारण ही बच्चे की जान गई। घटना के बाद परिजनों में भारी आक्रोश है और उन्होंने आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।

बिना डिग्री चला रहा था क्लीनिक

मामले की जांच कर रही पुलिस के अनुसार आरोपी क्लीनिक संचालक के पास डॉक्टर होने अथवा क्लीनिक संचालन से संबंधित कोई वैध डिग्री या दस्तावेज नहीं मिले हैं।

थाना कृष्णा गेट के SHO बलजीत सिंह ने बताया कि आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 105 के तहत मामला दर्ज किया गया है। आरोपी को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।

पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट सहित अन्य साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

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