शिवनगर के इंडस्ट्री एरिया में मंगलवार तड़के हादसा, मशीन से चिंगारी या शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका; फैक्टरी की फायर NOC और सुरक्षा इंतजामों की भी होगी जांच
पानीपत: हरियाणा के पानीपत में किशनपुरा से सटे शिवनगर के इंडस्ट्री एरिया में मंगलवार तड़के एक धागा फैक्टरी में भीषण आग लग गई। हादसे में मजदूर रिशू की मौत हो गई, जबकि धनेश्वर गंभीर रूप से झुलस गया। घायल को प्राथमिक उपचार देने के बाद रेफर कर दिया गया। शुरुआती जानकारी में मृतक की उम्र कम होने और उसके नाबालिग होने की आशंका जताई जा रही है, हालांकि पुलिस ने अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।
तड़के पौने चार बजे मिली आग की सूचना
किशनपुरा थाना प्रभारी सुभाष के अनुसार, मंगलवार सुबह करीब पौने चार बजे कंट्रोल रूम से फैक्टरी में आग लगने की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और दमकल विभाग व एंबुलेंस को बुलाया गया। दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।
बताया जा रहा है कि हादसे के समय फैक्टरी में कुछ कर्मचारी आराम कर रहे थे। आग लगने के बाद वहां मौजूद कर्मचारियों में अफरा-तफरी मच गई। आग की चपेट में आने से रिशू की मौत हो गई, जबकि धनेश्वर गंभीर रूप से झुलस गया। यह फैक्टरी श्मशान घाट के पीछे स्थित गुप्ता इंटरनेशनल फैक्टरी, यूनिट-2, सीआरजी कॉटेक्स प्राइवेट लिमिटेड बताई जा रही है।
मशीन से चिंगारी या शॉर्ट सर्किट से आग लगने की आशंका
प्रारंभिक पूछताछ में आशंका जताई जा रही है कि फैक्टरी में लगी किसी मशीन से चिंगारी निकलने के कारण आग लगी हो सकती है। बिजली के शॉर्ट सर्किट की आशंका को भी खारिज नहीं किया गया है। हालांकि, आग लगने के वास्तविक कारणों का पता जांच पूरी होने के बाद ही चल पाएगा।
दमकल अधिकारी गुरमेल सिंह के अनुसार, आग की सूचना मिलते ही दमकल की गाड़ियां मौके पर भेजी गई थीं। हादसे में एक व्यक्ति की मौत हुई, जबकि दूसरा घायल हुआ। विभाग की ओर से यह भी जांच की जाएगी कि फैक्टरी के पास अग्निशमन विभाग की एनओसी थी या नहीं और आग बुझाने के पर्याप्त इंतजाम मौजूद थे या नहीं।
मृतक की उम्र और फैक्टरी की सुरक्षा व्यवस्था की जांच
पुलिस के अनुसार, मृतक की उम्र समेत अन्य तथ्यों की पुष्टि के लिए साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। परिजनों की शिकायत मिलने के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। पुलिस आग लगने के कारणों और हादसे से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।
फिलहाल इस हादसे ने फैक्टरी में काम करने वाले मजदूरों की सुरक्षा और अग्निशमन इंतजामों को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि आग किन परिस्थितियों में लगी और सुरक्षा व्यवस्था में किसी तरह की लापरवाही हुई थी या नहीं।
