भिवानी। जनगणना-2027 के तहत भिवानी जिले में तैयारियां तेज हो गई हैं। जिला योजना अधिकारी भागीरथ कौशिक ने बताया कि जिले में गणना कार्य के लिए 2027 ब्लॉक बनाए गए हैं, जिनमें प्रत्येक ब्लॉक में करीब 150 से 200 मकान और 700 से 900 की जनसंख्या शामिल है।
1 से 30 मई तक होगा मकान सूचीकरण
उन्होंने बताया कि स्व-गणना की प्रक्रिया 30 अप्रैल तक पूरी कर ली गई है। अब 1 मई से 30 मई तक मकान सूचीकरण एवं मकानों की गणना (एचएलओ) का कार्य किया जाएगा।
2500 गणक और सैकड़ों सुपरवाइजर तैनात
गणना कार्य के लिए जिले में करीब 2500 गणक (एन्यूमरेटर) लगाए गए हैं, जबकि हर 6 गणकों पर एक सुपरवाइजर नियुक्त किया गया है। इस प्रकार करीब 500 से 600 सुपरवाइजर निगरानी में लगे रहेंगे।
घर-घर पूछे जाएंगे 33 सवाल
गणक जब घर-घर पहुंचेंगे तो नागरिकों को 33 सवालों के जवाब देने होंगे। इनमें परिवार के सदस्यों का विवरण, मकान की स्थिति, पेयजल, बिजली, स्वच्छता, शिक्षा और सामाजिक-आर्थिक जानकारी शामिल होगी।
डिजिटल हुई जनगणना प्रक्रिया
इस बार जनगणना को डिजिटल रूप दिया गया है। नागरिक मोबाइल, टैबलेट या कंप्यूटर के माध्यम से अपनी जानकारी ऑनलाइन भर सकते हैं। प्रत्येक परिवार को एक यूनिक आईडी दी जाएगी, जिसे सत्यापन के समय दिखाना अनिवार्य होगा। मोबाइल नंबर देना भी जरूरी रहेगा।
आधुनिक सुविधाओं की भी होगी गणना
जनगणना के दौरान इंटरनेट, स्मार्टफोन, टीवी, रेडियो, कंप्यूटर/लैपटॉप और वाहनों (साइकिल, मोटरसाइकिल, कार) जैसी सुविधाओं से संबंधित जानकारी भी जुटाई जाएगी।
नागरिकों से सहयोग की अपील
जिला योजना अधिकारी ने नागरिकों से अपील की है कि वे जनगणना-2027 में बढ़-चढ़कर भाग लें और सही जानकारी उपलब्ध कराएं। उन्होंने कहा कि इन आंकड़ों के आधार पर ही सरकार भविष्य की योजनाएं तैयार करती है, इसलिए यह प्रक्रिया देश के विकास के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।
