कुरुक्षेत्र। डेरा सरदार चूहड़ सिंह के पास उस समय हड़कंप मच गया, जब अचानक एक विशालकाय मगरमच्छ पहुंच गया। करीब 5 फीट लंबे और 50 किलो वजनी मगरमच्छ को देखकर आसपास मौजूद लोगों में दहशत फैल गई। मगरमच्छ के आसपास घूमने से लोगों और पशुओं पर खतरे की आशंका बढ़ गई थी।
सूचना मिलते ही गोताखोर प्रगट सिंह मौके पर पहुंचे और अपनी जान की परवाह किए बिना मगरमच्छ को सुरक्षित तरीके से काबू कर लिया।
मगरमच्छ को देखकर लोगों में मचा हड़कंप
बताया जा रहा है कि डेरा सरदार चूहड़ सिंह के पास मगरमच्छ दिखाई देने के बाद आसपास के लोगों ने इसकी सूचना दी। विशालकाय मगरमच्छ को देखकर लोग सहम गए।
मगरमच्छ के आबादी के नजदीक होने के कारण किसी व्यक्ति या पशु पर हमला होने की आशंका बनी हुई थी। ऐसे में समय रहते रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया।
प्रगट सिंह ने किया 29वां मगरमच्छ रेस्क्यू
मगरमच्छ को पकड़ने के लिए गोताखोर प्रगट सिंह मौके पर पहुंचे। उन्होंने काफी सावधानी और हिम्मत के साथ मगरमच्छ को काबू कर लिया।
खास बात यह है कि यह प्रगट सिंह का 29वां मगरमच्छ रेस्क्यू है। यानी अब तक वह 29 मगरमच्छों को सुरक्षित तरीके से रेस्क्यू कर चुके हैं।
उनकी इस बहादुरी के बाद एक बार फिर इलाके में प्रगट सिंह की चर्चा हो रही है।
इंसानों के साथ जीव-जंतुओं की सुरक्षा भी जरूरी
प्रगट सिंह का कहना है कि उनका उद्देश्य केवल लोगों को खतरे से बचाना ही नहीं, बल्कि जीव-जंतुओं की सुरक्षा करना भी है। उन्होंने कहा कि मानवता और वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए वह आगे भी इसी तरह अपनी सेवा जारी रखेंगे।
मगरमच्छ को काबू करने के बाद अब उसे सुरक्षित तरीके से वन्यजीव विभाग को सौंपने की प्रक्रिया की जा रही है।
वन्यजीव विभाग को किया जाएगा हैंडओवर
रेस्क्यू किए गए मगरमच्छ को वाइल्डलाइफ विभाग की टीम को सौंपा जा रहा है, ताकि उसे किसी सुरक्षित स्थान पर छोड़ा जा सके।
इस रेस्क्यू के बाद एक ओर जहां आसपास के लोगों ने राहत की सांस ली, वहीं प्रगट सिंह की हिम्मत और जीव-जंतुओं के प्रति उनकी जिम्मेदारी की भी सराहना की जा रही है।
29 रेस्क्यू के बाद भी सेवा जारी
कुरुक्षेत्र में मगरमच्छों के रेस्क्यू के लिए प्रगट सिंह पहले भी कई बार सामने आ चुके हैं। 29वें मगरमच्छ के रेस्क्यू के साथ उनका यह सिलसिला लगातार जारी है।
इस बार भी समय रहते मगरमच्छ को आबादी से सुरक्षित काबू कर लिए जाने से संभावित हादसा टल गया।
