कुरुक्षेत्र: पिहोवा की अनाज मंडी में गुरुवार को प्रदेश स्तरीय किसान महापंचायत का आयोजन किया गया। इसमें करीब 10 किसान संगठन एक मंच पर जुटे और किसानों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। महापंचायत में धान खरीद, फसलों के उचित रेट, MSP, गन्ने के दाम और दूध के रेट बढ़ाने समेत कई मांगों पर चर्चा हुई। किसानों ने कहा कि खेती के साथ पशुपालन करने वाले किसानों को दूध का उचित भाव मिलना चाहिए।
भारतीय किसान यूनियन पिहोवा के प्रवक्ता प्रिंस वड़ैच ने बताया कि हरियाणा किसान-मजदूर संगठन समेत किसान संगठनों ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें प्रशासन के सामने रखीं और ज्ञापन सौंपा। उन्होंने कहा कि किसानों की अलग-अलग मांगों को संबंधित विभागों और सक्षम अधिकारियों तक पहुंचाया जाएगा, ताकि उन पर आवश्यक कार्रवाई हो सके।
प्रिंस वड़ैच ने कहा कि धान खरीद का सीजन शुरू होने वाला है। ऐसे में किसान संगठनों की प्रमुख मांग है कि मंडियों में खरीद व्यवस्था सुचारु रहे और किसानों को अपनी फसल बेचने के दौरान किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि पिछली बार धान खरीद के दौरान सामने आई समस्याओं को लेकर किसान संगठनों ने सुझाव दिए थे और उन सुझावों के आधार पर व्यवस्था में सुधार किया गया है। सरकार की ओर से भी धान खरीद को बेहतर तरीके से संचालित करने के निर्देश दिए गए हैं।
किसान संगठनों ने धान खरीद के दौरान नमी की निर्धारित सीमा बढ़ाने की मांग भी रखी। किसानों का कहना है कि नमी के कारण कई बार उन्हें अपनी फसल बेचने में परेशानी आती है। इसके साथ ही किसानों को फसल का भुगतान समय पर करने की मांग भी की गई। महापंचायत में फसलों पर MSP, गन्ने के रेट बढ़ाने और दूध के उचित भाव सहित किसानों से जुड़े अन्य मुद्दों को भी ज्ञापन में शामिल किया गया।
किसान नेता प्रिंस वड़ैच ने कहा कि किसान संगठनों ने फिलहाल शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें प्रशासन के सामने रखी हैं। यदि सरकार और संबंधित विभागों की ओर से किसानों की मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो किसान संगठन आगामी रणनीति तैयार कर आगे का फैसला लेंगे।
वहीं, महापंचायत में पहुंचे कुरुक्षेत्र के DC विश्राम कुमार मीणा ने कहा कि किसान संगठनों ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी मांगें रखी हैं और प्रशासन को ज्ञापन सौंपा है। उन्होंने कहा कि ज्ञापन को संबंधित विभागों और सक्षम अधिकारियों तक पहुंचाया जाएगा। धान खरीद के दौरान प्रशासन की ओर से मंडियों में व्यवस्था सुचारु रखने का प्रयास किया जाएगा, ताकि किसानों को अपनी फसल बेचने में किसी तरह की परेशानी न हो।
DC विश्राम कुमार मीणा ने दूध के रेट को लेकर भी किसानों को आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि सोमवार को वीटा के MD के साथ दूध के रेट को लेकर बातचीत करवाई जाएगी। ऐसे में किसान महापंचायत में उठाए गए दूध के उचित भाव के मुद्दे पर आगे की कार्रवाई का रास्ता साफ होने की उम्मीद है।
