Wednesday, July 29, 2026
वरुण मुलाना का हरियाणा सरकार पर हमला

ऑपरेशन लोटस, बढ़ते अपराध और ई-पोर्टल पर बरसे वरुण मुलाना, हरियाणा सरकार को घेरा

अंबाला। अंबाला लोकसभा क्षेत्र से कांग्रेस सांसद वरुण मुलाना ने ऑपरेशन लोटस, हरियाणा में बढ़ते अपराध, महिला प्रतिनिधित्व और ई-पोर्टल व्यवस्था को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि सरकार लोकतांत्रिक मूल्यों को कमजोर करने का प्रयास कर रही है और प्रदेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति लगातार बिगड़ती जा रही है।

मीडिया से बातचीत के दौरान सांसद ने कई मुद्दों पर सरकार को घेरते हुए कहा कि मुख्यमंत्री को दूसरे राज्यों में जाकर अपनी उपलब्धियां गिनाने के बजाय पहले हरियाणा की समस्याओं पर ध्यान देना चाहिए।

ऑपरेशन लोटस पर उठाए सवाल

वरुण मुलाना ने ऑपरेशन लोटस को लेकर कहा कि लोकतंत्र में किसी भी जनप्रतिनिधि का अपनी इच्छा से किसी पार्टी में जाना अलग बात है, लेकिन दबाव बनाकर राजनीतिक दलों को कमजोर करने की कोशिश लोकतांत्रिक परंपराओं के खिलाफ है।

उन्होंने कहा कि कई मामलों में ऐसे नेताओं को जिस पार्टी में शामिल कराया जा रहा है, उन्हें उस पार्टी के संगठनात्मक ढांचे की भी पूरी जानकारी नहीं होती। मुलाना ने दावा किया कि विपक्षी दलों के नेताओं को तोड़ने की राजनीति लोकतंत्र के लिए सही संकेत नहीं है।

हरियाणा में बढ़ते अपराधों पर मुख्यमंत्री को घेरा

प्रदेश में बढ़ती आपराधिक घटनाओं पर चिंता जताते हुए कांग्रेस सांसद ने कहा कि हरियाणा कभी शांतिप्रिय राज्यों में गिना जाता था, लेकिन अब अपराध की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं।

उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि मुख्यमंत्री को पंजाब जाकर हरियाणा मॉडल का प्रचार करने के बजाय पहले अपने राज्य में कानून-व्यवस्था को सुधारना चाहिए। मुलाना ने कहा कि आज स्थिति ऐसी है कि अपराध करने वाले गैंगस्टर खुद आगे आकर घटनाओं की जिम्मेदारी ले रहे हैं, जो बेहद चिंताजनक है।

BLO सूची में महिलाओं की भागीदारी पर दिया जवाब

हरियाणा कांग्रेस द्वारा जारी बीएलओ (BLO) सूची में महिलाओं की कम भागीदारी को लेकर उठे सवालों पर वरुण मुलाना ने कहा कि अभी सूची पूरी नहीं हुई है।

उन्होंने स्पष्ट किया कि 180 विधानसभा क्षेत्रों में से फिलहाल केवल 100 की सूची जारी की गई है। आगामी चरणों में महिलाओं को भी पर्याप्त प्रतिनिधित्व दिया जाएगा और संगठन में उनकी भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।

ई-पोर्टल व्यवस्था पर भी उठाए सवाल

सांसद ने सरकार की ई-गवर्नेंस व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि आम लोगों को हर काम के लिए ऑनलाइन पोर्टल का सहारा लेने को कहा जा रहा है, जबकि बड़े प्रशासनिक निर्णय आज भी मैन्युअल प्रक्रिया के जरिए लिए जा रहे हैं।

मुलाना ने सुझाव दिया कि सरकार को सचिवालय स्तर पर भी पूरी तरह ई-पोर्टल आधारित व्यवस्था लागू करनी चाहिए, ताकि उसे जमीनी स्तर पर आ रही समस्याओं और तकनीकी खामियों का वास्तविक अनुभव हो सके।

जनता के मुद्दों पर सरकार को ध्यान देने की जरूरत

वरुण मुलाना ने कहा कि प्रदेश में अपराध, बेरोजगारी और जनसुविधाओं से जुड़े मुद्दे लोगों की प्राथमिक चिंता हैं। सरकार को राजनीतिक अभियानों के बजाय इन मूलभूत समस्याओं के समाधान पर अधिक ध्यान देना चाहिए।